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छात्रावास नियमावली
उत्तर प्रदेश माध्यमिक संस्कत शिक्षा परिषद्
अन्तेवासिनां कृते आवश्यक वस्तूनां तालिका 1. आसनम् 2. कुशः 3. पवित्री 4. पञ्चपात्रम् 5. र6. जपमालिका 7. चन्दनम् . 8. पीत वस्त्रम 9. पीतमङ्गवस्त्रम (रामनामाङ्कितम्) 10.पीतमधोवस्त्रम् 11. पीतः कञ्चुकः 12. मञ्जूषा (कुञ्जिकादि सहिता)
पुस्तकानि- रुद्राष्टाध्यायी, नित्यकर्मपूजाप्रकाश, दुर्गासप्तशती, लघुसिद्धान्त कौमुदी, हेमाद्रि संकल्पः, पाठ्यक्रमे निर्धारितानि पुस्तकानि भोजन व्यवस्था- प्रातः काले भोजनस्य जलपानस्य,आस्तरणस्य च व्यवस्था स्वयमेव करणीया ।
आवासीय छात्रों के लिए आवश्यक सामग्रियों की सूची
1.आसन, 2. कुश, 3. पवित्री, 4. पंचपात्र, 5. रुद्राक्ष माला, 6. जपमाली, 7. चन्दन (लाल,पीला) 8.पील गमछा 9.पीला अँगौछा (रामनामी) 10.पीली धोती 11.पीली कुर्ता 12.ताला (कुंजी सहित)
पुस्तकें- रुद्राष्टाध्यायी, नित्यकर्म पूजा प्रकाश, दुर्गा सप्तसती लघुसिद्धान्त कौमुदी, हेमाद्रि संकल्प, पाठ्यक्रम में निर्धारित पाठ्यपुस्तक । भोजन व्यवस्था- प्रातः काला का भोजन, जलपान की समग्र व्यवस्था अभिभावक को स्वयं करनी होगी
शयन व्यवस्था- ऋतु के अनुसार विस्तर आदि की व्यवस्था करनी होगी
आवश्यक निर्देशः 1. प्राचीनच्छात्राणां प्रवेशः प्रतिवर्षं जुलाई मासस्य प्रथम तारिका दिवसे प्रवेश परीक्षायामुत्तीर्णायामेव भविस्यति । 2. नवीनच्छात्राणां प्रवेशस्तु जुलाई मासस्य प्रथम तारिकातः पञ्चदश (15) तारिका यावत् प्रवेश परीक्षायामुत्तीर्णायामेव भविष्यति । 3. प्रतिशनिवारं सायं आपणन्गमनस्यानुमतिः (अन्यवासरेषु आवश्यके सत्येवावकाशो दास्यते ) 4. निवास कक्षस्य स्वच्छता स्वयमेव प्रत्यहं करणीया । 5. सात्विक परिधानं भोजनम् चावश्यकम् । 6. छात्रावासस्य नियमानां पालनं आवश्यकम् 7. निम्नलिखित कार्येषु संलग्नतायाम् छात्रावासात् बहिस्करणं भविष्यति क. समयानुसारं कार्यक्रमेषु अनुपस्थितः । ख.मासिक परीक्षणे अनुत्तीर्णता । ग. मिथ्याभाषणं स्त्रयंच । घ. बिनावकाशं गृह गमनम् । ङ. अनवसरे अवकाश याचनम् । च. अवकाशान्तरम् विलम्बेन गृहात प्रत्यागमनम् । छ. गुरुजनानां आदेशस्य अवसाम् । ज. कलहं कोलाहलं च ।
आवश्यक निर्देश 1.प्राचीन छात्रों का प्रवेश प्रतिवर्ष 01 जुलाई को प्रवेश परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद ही होगा । नवीन छात्रों का प्रवेश प्रतिवर्ष 15 जुलाई तक प्रवेश परीक्षा उत्तीर्ण होने के बाद ही होगा । 2.सप्ताह के प्रत्येक शनिवार को मध्याह्न 3.30 बजे शाम 5.00 बजे तक आश्रमीय वेश-भूषा में बाजार जाने के लिए अवकाश रहेगा । इसके अतिरिक्त आवश्यक होने पर विद्यार्थी अवकाश स्वीकत कराकर ही बाजार जा सकता है ।
3.अपने आवासीय परिसर को स्वच्छ रखना होगा तथा पवित्र एवं सात्विक परिधान धारण करना होगा ।
4.छात्रावास की समय सारिणी के अनुसार निर्धारित कार्यक्रम में अनुपस्थित होने पर देय दण्ड विधान को स्वीकार करना होगा ।
5.प्रत्येक मासिक परीक्षा में अनुपस्थित होने पर देय दण्ड विधान को स्वीकार करना होगा ।
6. प्रत्येक मासिक परीक्षा में उत्तीर्ण होना अनिवार्य है । अनुत्तीर्ण होने पर सुविधा में कमी कर दी जाएगी और आगामी वर्ष में उसका प्रवेश छात्रावास में नहीं हो सकेगा । झूठ बोलने, चोरी करने, तथा अनुशासन हीनता करने पर उसे तत्काल प्रभाव से निष्कासित कर दिया जायेगा । 7.महीने में पाँच दिन का अवकाश अभिभावक की स्वीकति मिलने पर ही दिया जायेगा । आश्रम में होने वाले उत्सवों में अवकाश स्वीकत नहीं किया जाता है । उपस्थिति अति अनिवार्य होगी ।
8.अवकाश स्वीकत होने पर विद्यार्थी को घर ले जाने एवं अवकाश समाप्त होनेपर समय से छात्रावास में पहुँचाने की जिम्मेदारी अभिभावक की होगी ।
बिना स्वीकृत अवकाश पत्र के घर चले जाने पर विद्यार्थी को स्वतः निष्कासित मान लिया जाता है. उसका पुनः प्रवेश नहीं होगा ।
आश्रम के नियमों का अनुशासनपूर्वक पालन करना अति अनिवार्य है । उक्त नियमों का पालन न करने पर छात्र का निष्कासन सुनिश्चित होता है । दैनिक चर्या 04.00 बजे ---------------------------प्रातः जागरण
04.00 बजे से 05.00 बजे तक--------प्रातः स्मरण तथा सस्वर समवेत वेद पाठ ।
05.00 बजे से 06.00 बजे तक--------विद्यालयीय विषयों को कण्ठस्थ करना ।
06.00 बजे से 06.45 बजे तक-------- शौच, नित्यक्रिया, स्नान आदि ।
06.45 बजे से 07.45 बजे तक--------सन्ध्या-वंदन, सूर्य-नमस्कार, कर्मकाण्ड के मंत्रों का अभ्यास 07.45 बजे से 08.00 बजे तक--------उपस्थिति, श्री स्वामी जी का दर्शन, गुरुजनों को प्रणाम ।
08.00 बजे से 09.45 बजे तक-------- भोजन व्यवस्था ।
09.45 बजे से 03.30 बजे तक-------- विद्यालय में उपस्थिति तथा चक्रानुसार विषयाध्ययन ।
03.30 बजे से 05.00 बजे तक--------दैनिक कार्य, जलपान क्रीडा, मनोरंजन ।
05.00 बजे से स्वामी जी की आरती तक-------- छात्रावासीय कक्षा में अध्ययन ।
आरती के बाद से भोजन करने तक स्वामी जी की प्रार्थना, विद्यालयीय पठित पाठों एवं गृहकार्य को पूर्ण करना ।
रात्रिकालीन भोजनोपरान्त प्रातः .04.00 बजे तक शयन ।
दैनिक चर्या 4.00 वादने ……………………………प्रातः जागरणम्
4.00 वादनात् 05.00 वादनं यावत्........ प्रातः स्मरणम् , वेदपाठश्च –
5.00 वादनात् 06.00 वादनं यावत्..... विद्यालयीय विषयाणाम् कण्ठस्थीकरणम् -
6.00 वादनात् 06.45 वादनं यावत्..... शौचं, दन्तधावनं, स्नानम् -
6.45 वादनात् 07.45 वादनं यावत्........सन्ध्यावन्दनं, कर्मकाण्डमंत्राणां अभ्यासम् सूर्यनमस्कारः, आसनम्, आयामः -
7.45 वादनात् 08.00 वादनं यावत्............. स्वामिना दर्शनं, गुरुजनानां चरणस्पर्शः,उपस्थिश्च
8.00 वादनात् 09.45 वादनं यावत्............. भोजन व्यवस्था
9.45 वादनात् 03.30 वादनं यावत्.............. विद्यालय गमनम्, चक्रानुसार अध्ययनम्
3.30 वादनात् 05.00 वादनं यावत्.............जलपानम् क्रीडा मनोरंजनादि ।
5.00 वादनात् .............................. अध्ययनं ततश्च स्वामि चरणानां नीराजनावसरे मन्दिर गमनम् ।
नवीन प्रवेश परीक्षा । पठ् धातु, लट् लकार (कक्षा प्रथमा प्रथम खण्ड के लिए)
पठ् धातु, लट् लकार एवं लङ् लकार (कक्षा प्रथमा द्वितीय खण्ड के लिए)
पठ् धातु, लट् लकार ,लङ् लकार तथा विधिलिंङ् लकार, (कक्षा प्रथमा तृतीय खण्ड के लिए)
पठ् धातु, लट् लकार ,लङ् लकार , विधिलिंङ् लकार, लोट लकार (पूर्वमध्यमा प्रथम खण्ड के लिए )
पठ् धातु के पाँचो लकार (उत्तर मध्यमा प्रथम खण्ड के लिए )
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